क्या है कोरोना वायरस? (Coronavirus in Hindi)

What is coronavirus?

कोरोना वायरस (Coronavirus) का कहर दुनियाभर में फैला हुआ है। इन दिनों सभी अखबारों या समाचार चैनलों में कोरोना वायरस से जुड़ी आती ही रहती हैं।
हमारे पड़ोसी देश चीन और उसके सीमावर्ती देशों में कोरोना वायरस से काफी सारे लोगों को अपनी जान गवानी पड़ रही है।
द टाइम्स ऑफ इंडिया की वेबसाइट पर छपी रिपोर्ट अनुसार इस वायरस से अब तक लगभग 1800 लोग की मौत हो चुकी है।
ये आंकड़े वाकई काफी चौंकाने वाले हैं, जो इस बीमारी की भयावहता को बयां करने के लिए काफी हैं।
इसी कारण, लोगों में कोरोना वायरस को लेकर काफी डर फैला हुआ है,जिसकी वजह से वे इसके लक्षणों की पहचान नहीं करता है और न ही इससे निजात पा सकते हैं।
मगर, किसी भी व्यक्ति को इस बीमारी को लेकर डरने की जरूरत नहीं बल्कि उनके इस स्थिति में संयम बरतने की जरूरत है ताकि कोरोना वायरस (Coronavirus) का इलाज सही तरीके से किया जा सके।
इस प्रकार, यह हम सभी की ज़िम्मेदारी है कि लोगों को इस वायरस की अधिक-से-अधिक जानकारी दी जाए ताकि उनके मन में मौजूद इस बीमारी का डर कम हो सके।
हम लोग इस लेख के माध्यम से इसी ज़िम्मेदारी को निभा रहे हैं।

कोरोना वायरस क्या है? (what is coronavirus? In Hindi)

कोरोना वायरस (Coronavirus) से तात्पर्य ऐसे वायरस है, जो मनुष्य संबंधी अन्य जीवों श्वसन तंत्र (respiratory tract) को प्रभावित करता है।
इसकी शुरूआत सामान्य जुखाम की तरह होती है, जो कुछ समय के बाद पूरे श्वसन तंत्र के कार्य करने की क्षमता को खराब कर देता है।

कोरोना वायरस के लक्षण क्या हैं? (Symptoms of coronavirus in Hindi)

Symptoms causes of coronavirus
Symptoms causes of coronavirus

आमतौर पर, कोरोना वायरस के लक्षण जुखाम की तरह लग सकते हैं, जिसकी वजह से लोग इसका इलाज नहीं करा पाते हैं।
कोरोना वायरस (Coronavirus) पर किए गए अध्ययनों से यह बात स्पष्ट हुई है कि कोरोना वायरस के लक्षण सामान्य जुखाम के लक्षणों से काफी अलग होते हैं।
इस प्रकार, यदि किसी शख्स को अपने शरीर में ये 5 लक्षण नज़र आते हैं, तो उसे इन्हें नज़रअंदाज़ नहीं करना चाहिए क्योंकि ये कोरोना वायरस(Coronavirus) के संकेत हो सकते हैं-

  • नाक का बहना- कोरोना वायरस का प्रमुख लक्षण नाक का बहना है। हो सकता है कि कुछ लोग नाक बहने को जुखाम का लक्षण समझने की भूल करें, लेकिन उन्हें किसी भी नतीजे पर पहुंचने से पहले अपनी सेहत की जांच करा लेनी चाहिए क्योंकि नाक का बहना कोरोना वायरस का लक्षण भी हो सकता है।
  • गले में खराश होना- कोरोना वायरस का अन्य लक्षण गले में खराश होना भी है। यदि किसी व्यक्ति को अचानक से गले में खराश होती है, तो उसे तुरंत डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए क्योंकि यह कोरोना वायरस होने का संकेत हो सकता है।
  • खांसी होना- अक्सर, कोरोना वायरस की शुरूआत खांसी से भी हो सकती है।
    ऐसी स्थिति में लोगों को बिना डॉक्टर की सलाह के खांसी की दवाई नहीं लेनी चाहिए क्योंकि ऐसा करना उनके लिए नुकसानदायक साबित हो सकता है।
  • छींक आना- यदि किसी व्यक्ति काफी ज्यादा छींक आती है, जो किसी भी तरह की दवाई लेने से ठीक नहीं होती है, तो उसे इसकी सूचना डॉक्टर को देनी चाहिए क्योंकि लंबे समय तक छींक रहना कोरोना वायरस का लक्षण हो सकता है।
  • तेज़ बुखार होना- कोरोना वायरस होने की संभावना ऐसे लोगों को भी हो सकती है, जिन्हें कुछ समय से तेज़ बुखार हो।
    ऐसे लोगों को अपनी सेहत की अच्छी तरह से जांच करानी चाहिए क्योंकि तेज़ बुखार कोरोना वायरस (Coronavirus) का लक्षण हो सकता है।

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कोरोना वायरस किन कारणों से होता है? (Causes of Coronavirus in Hindi)

हालांकि,अभी तक कोरोना वायरस के सटीक कारण का पता नहीं चला है, लेकिन कोरोना वायरस पर किए गए अध्ययनों में कुछ संभावित कारणों की जानकारी दी गई है, जो कोरोना वायरस की वजह बन सकते हैं।
अत: कोरोना वायरस (Coronavirus) मुख्य रूप से निम्नलिखित कारणों से हो सकता है-

  • जुखाम होना- कोरोना वायरस होने का प्रमुख कारण जुखाम होना है। आमतौर पर, जुखाम होने पर लोग किस तरह का इलाज नहीं करते हैं, क्योंकि उनकी नज़र में जुखाम सामान्य समस्या होती है, जो कुछ समय के बाद खुद ही ठीक हो जाती है।
    अक्सर, जुखाम किसी गंभीर बीमारी का संकेत भी हो सकता है, इसलिए जुखाम होने पर लोगों को डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए और अपना हेल्थचेकअप कराना चाहिए ताकि इस बात की पुष्टि हो सके कि उन्हें कोरोना वायरस नहीं है।
  • कमजोर रोग-प्रतिरोधक क्षमता का होना- ऐसा माना जाता है कि जिस व्यक्ति की रोग-प्रतिरोधक क्षमता (immunity power) कमजोर होती है, उसके बीमार होने की संभावना काफी ज्यादा रहती है।
    यह बात कोरोना वायरस पर भी लागू होती है क्योंकि कोरोना वायरस के अत्यधिक मामले कमजोर रोग-प्रतिरोधक क्षमता वाले लोगों में देखने को मिलते हैं।
  • सी फूड खाना- कोरोना वायरस होने की संभावना ऐसे लोगों में अधिक रहती है, जो अधिक मात्रा में सी फूड खाते हैं।
    ऐसे लोगों को नियमित रूप से हेल्थचेकअप कराना चाहिए ताकि कोरोना वायरस जैसी गंभीर बीमारी के संकेतों की पहचान की जा सके।
  • चमगादड़ या सांप के संपर्क में आना- यदि कोई शख्स चमगादड़ या सांप के संपर्क में आ जाता है, तो उसमें कोरोना वायरस होने की संभावना काफी अधिक रहती है। 
  • संक्रमित लोगों के संपर्क में आना- कोरोना वायरस (Coronavirus) का अन्य कारण संक्रमित लोगों के संपर्क में आना भी है।
    इसी कारण, हम सभी को ऐसे लोगों से दूर रहने की कोशिश करनी चाहिए जिन्हें किसी तरह का संक्रमण होता है।

कोरोना वायरस के साइड-इफेक्ट्स क्या हो सकते हैं? (Side-effects of Coronavirus in Hindi)

चूंकि, ज्यादातर लोग कोरोना वायरस के लक्षणों को पहचान नहीं पाते हैं, इसलिए कुछ समय के बाद कोरोना वायरस घातक रूप ले लेती है।
कोरोना वायरस पर समय रहते ध्यान न देने के कारण ही इससे पीड़ित लोगों को कोरोना वायरस के साइड-इफेक्ट्स का सामना करना पड़ता है।
अत: कोरोना वायरस (Coronavirus) से पीड़ित लोगों को इन 5 साइड इफेक्ट्स का सामना करना पड़ सकता है-

  • नाक में इंफेक्शन होना- कोरोना वायरस का प्रमुख साइड-इफेक्ट्स नाक में इंफेक्शन होना है।
    हालांकि, इसे समय रहते ठीक किया जा सकता है, लेकिन फिर भी यदि नाक का इंफेक्शन लंबे समय तक रह जाए तो फिर इसके लिए नाक की सर्जरी ही एकमात्र विकल्प बचता है।
  • गले में इंफेक्शन होना- नाक में इंफेक्शन के अलावा कोरोना वायरस गले में इंफेक्शन का कारण भी बन सकता है।
  • साइनस होना- कोरोना वायरस के ऐसे काफी सारे मामले देखने को मिलते हैं, जिनमें यह बीमारी साइनस का कारण बन जाती है।
    ऐसी स्थिति में कोरोना वायरस से पीड़ित साइनस का इलाज करने की जरूरत पड़ सकती है।
  • सांस लेने में तकलीफ़ होना- कोरोना वायरस के लंबे समय तक लाइलाज रहने पर इसका असर मानव-शरीर के अन्य अंगों पर भी पड़ने लग जाता है।
    इसी स्थिति में कोरोना वायरस से पीड़ित व्यक्ति को सांस लेने में तकलीफ़ भी हो सकती है, जिसके लिए उसे मेडिकल सहायता लेनी पड़ती है।
  • मौत होना- कोरोना वायरस का गंभीर साइड-इफेक्ट्स मौत होना है।
    इसी कारण, समझदारी इसी में है कि कोरोना वायरस (Coronavirus) का इलाज समय रहते करा लिया जाए क्योंकि हमारी ज़िदगी सबसे अनमोल है।

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कोरोना वायरस का इलाज कैसे किया जा सकता है? (coronavirus treatments in Hindi)

हालांकि, कोरोना वायरस कुछ लोगों के लिए परेशानी का सबक बन जाता है,जिसकी वजह से उनकी सेहत दिन-प्रतिदिन खराब होती जाती है, लेकिन अगर लोगों को कोरोना वायरस (Coronavirus) की पूरी जानकारी हो, तो वे इसका सही इलाज करा सकते हैं।
इस प्रकार, यदि कोई व्यक्ति कोरोना वायरस से पीड़ित है, तो वह निम्नलिखित तरीके से इसका इलाज करा सकता है-

  • आराम करना- कोरोना वायरस का इलाज करने का सबसे आसान तरीका आराम करना है।
    आराम करने से शरीर को ऊर्जा मिलती है, जिससे वह इस बीमारी से जल्दी ठीक हो जाता है।
  • अधिक मात्रा में तरल पदार्थों का सेवन करना- कोरोना वायरस होने पर डॉक्टर इससे पीड़ित लोगों को अधिक मात्रा में तरल पदार्थ का सेवन करने की सलाह देते हैं।
    तरल पदार्थ मानवशरीर में पानी की कमी को दूर करके शरीर में पानी की पर्याप्त मात्रा को बनाए रखने में सहायता करता है।
  • लार की जांच करना- कई बार, डॉक्टर कोरोना वायरस का इलाज करने के लिए लार की जांच करके भी करते हैं।
    इस प्रकार, कोरोना वायरस का इलाज मुंह की लार की जांच करके भी संभव है।
  • खांसी की दवाई पीना- जैसा कि ऊपर स्पष्ट किया गया है कि कोरोना वायरस का एक लक्षण खांसी होना भी है।
    इसी कारण, कोरोना वायरस का इलाज खांसी की दवाई पीकर भी खाया जा सकता है।
  • दर्द निवारक दवाईयां लेना- कई बार, कोरोना वायरस (Coronavirus) का इलाज दर्द निवारक दवाइयों का सेवन करके भी किया जा सकता है।

कोरोना वायरस की रोकथाम कैसे की जा सकती है? (Precautions of Coronavirus in Hindi)

Prevention of coronavirus
Prevention of coronavirus

आमतौर पर, कोरोना वायरस को लाइलाज बीमारी समझा जाता है क्योंकि अभी तक कोरोना वायरस के किसी ठोस इलाज का पता नहीं चला है।
इसके बजाय, यदि थोड़ी सावधानी बरती जाए तो इस बीमारी को बढ़ने से रोका जा सकता है।
अत: इन 5 चीज़ों का पालन करके कोरोना वायरस (Coronavirus) की संभावना को कम किया जा सकता है-

  • हाथों को अच्छी तरह से धोना- कोरोना वायरस की रोकथाम करने का सबसे आसान तरीका हाथों को अच्छी तरह से धोना है।
    ऐसा करने से हाथों के वायरस मानव शरीर में नहीं जा पाते हैं, जिससे कोरोना वायरस का खतरा काफी कम हो जाता है।
  • छींकते या खांसते समय मुंह पर कपड़े या रूमाल रखना- कोरोना वायरस एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में फैलता है।
    इसी कारण, लोगों को छींकते या खांसते समय मुंह पर कपड़े या रूमाल रखना चाहिए ताकि इस बीमारी के वायरस दूसरे व्यक्ति के शरीर में न पहुंचे।
  • लोगों से पर्याप्त दूरी रखना- कोरोना वायरस संक्रमित लोगों के संपर्क में आने से भी होता है।
    अत: हम सभी लोगों को यह कोशिश करनी चाहिए हम ऐसे लोगों से दूर रहें, जिन्हें जुखाम या बुखार जैसी बीमारी हो।
  • आंखों, नाक या मुंह को छूने से बचना- कोई भी शख्स आंखों, नाक या मुंह को गंदे हाथों से न छूकर कोरोना वायरस से बचाव कर सकता है।
  • कच्चे या अधपक्के भोजन को न खाना- कोरोना वायरस (Coronavirus) से बचाव करने का सबसे कारगर तरीका कच्चा या अधपक्का भोजन न करना है।
    कच्चा या अधपक्का भोजन खाने से शरीर में विषाक्त तत्व (Poisoning) पैदा हो सकता है, जिससे लोगों के बीमारी होने की संभावना काफी बढ़ जाती है।

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कोरोना वायरस कैसे फैलता है? (How does coronavirus spread? In Hindi)

इस समय लोगों के मन में यह सवाल सबसे ज्यादा आता है कि कोरोना वायरस कैसे फैलता है।
उनके लिए इस सवाल काफी जरूरी है कि वे अक्सर कोरोना वायरस (Coronavirus) से होने वाली मौत की खबरों को पढ़ते या सुनते रहते हैं।
यदि आपके मन में भी यही सवाल आता है तो हम आपको यह जानकारी होनी चाहिए कि कोराना वायरस मुख्य रूप से निम्नलिखित तरीके से फैलता है-

  • झींकते या खांसते समय प्रदूषित हवा का शरीर में जाना- कोरोना वायरस मुख्य रूप से प्रदूषित हवा के शरीर में जाने से फैलता है।
    इसी कारण, हम सभी को घर से बाहर जाते समय मुंह पर मास्क पहनना चाहिए ताकि हमें कोरोना वायरस जैसी गंभीर बीमारी न हो।
  • लोगों से हाथ मिलाना- आमतौर पर, लोगों से मिलने पर हम सभी हाथ मिलते हैं। हालांकि, यह बहुत अच्छी चीज़ है, लेकिन कई बार यह कोरोना वायरस जैसी गंभीर बीमारी होने की संभावना को भी बढ़ा सकता है।
  • किसी संक्रमित चीज़ को छूने के बाद हाथों को चेहरे पर लगाना- जब हम किसी संक्रमित चीज़ को छूने के बाद हाथों को चेहरे पर लगा देते हैं, तो इससे कोरोना वायरस फैल सकता है। 
  • कोरोना से पीड़ित जानवरों के संपर्क में आना- कोरोना वायरस उस स्थिति में भी फैल सकता है, जब हम कोरोना वायरस (Coronavirus) से पीड़ित किसी जानवर के संपर्क में आ जाते हैं।

हालांकि, कोरोना वायरस चर्चा का विषय बना हुआ है।
सभी लोग इस पर बातें करते हैं, लेकिन फिर भी उन्हीं कोरोना वायरस की सही जानकारी नहीं है।

इसी कारण, लोग आसानी से कोरोना वायरस के शिकार बन जाते हैं, लेकिन इसके बावजूद यदि लोगों में कोरोना वायरस को लेकर जागरूकता को बढ़ाया जाए तो इस बीमारी को आसानी से हराया जा सकता है।
इस प्रकार, हमें उम्मीद है कि इस लेख को पढ़कर लोगों को कोरोना वायरस (Coronavirus) से जुड़ी आवश्यक जानकारी मिली होगी, जो उनके लिए उपयोगी साबित हुई होगी।

FAQs

Q 1 – कोरोनावायरस क्या है ?
Ans – कोरोनावायरस एक तरीके का वायरस है जो जानवरों द्वारा इंसानो में फैलता हैइस का एक मुख्य कारण जानवरों के मीट का सेवन करना भी होता है

Q 2 – क्या कोरोनावायरस से जान भी जा सकती हैं ?
Ans – हाँ, कोरोनावायरस जान लेवा है

Q 3 – कोरोनावायरस का प्रभाव कहां से शुरू हुआ ?
Ans – कोरोनावायरस की शुरआत चीन के सातवें सबसे बड़े शहर बुहान से हुई और यह अब फैलते फैलते पूरे दुनिया को अपनी चपेट में ले रहा है।

Q 4 – कोरोनावायरस के लक्षण क्या है ?
Ans – शुरआत में यह एक मौसमी बीमारी की तरह लगेगा, लेकिन यह धीरे-धीरे अपना असर दिखाना शुरू कर देगा। जिसमे यह सर्दी-खांसी, जुखाम, सिर दर्द, मांसपेशियों में दर्द होना, सांस लेने में दिक्कत, निमोनिया होना, चक्कर आना, भूख ना लगना जैसे लक्षण रहेंगे।

Q 5 – कोरोनावायरस से कैसे बचें?
Ans – अभी तक इसका कोई इलाज नहीं है इस पर कोई भी एंटी बायोटिक असर नहीं होगा। मांस ना खाएं।, मुंह पर मास्क पहने, हाथो को साफ रखे,साबुन से हाथ धोते रहे, अगर कोई व्यक्ति छिक रहा है तो उससे दूर हो जाएं और अपने मुंह पर रुमाल से ढक लें।

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