ओपन हार्ट सर्जरी क्या है? पूर्ण जानकारी (Open Heart Surgery in Hindi)

ओपन हार्ट सर्जरी (Open Heart Surgery) दिल के रोगियों के लिए किसी वरदान से कम नहीं होता है। आज के तनावपूर्ण दौर में ह्रदय रोग काफी फैल रहे हैं, ये युवा से लेकर बुर्जुगों में भी देखने को मिलते हैं।

यदि इनका सही समय पर इलाज न कराया जाए, तो व्यक्ति की मौत भी हो सकती है। हालांकि, ओपन हार्ट सर्जरी को बहुत सारे लोगों द्वारा अपनाया जा रहा है, इसके बावजूद कुछ ऐसे भी लोग हैं,जो इस सर्जरी की संपूर्ण जानकारी न होने के कारण इसका लाभ नहीं उठा पाते हैं।

यदि आप भी ऐसे ही लोगों में शामिल हैं, तो आपको परेशान होने की जरूरत नहीं है क्योंकि आप इस लेख को पढ़कर ओपन हार्ट सर्जरी की आवश्यक जानकारी प्राप्त कर सकते हैं।

 


ओपन हार्ट सर्जरी क्या है? (Open Heart Surgery in Hindi)
 


ओपन हार्ट सर्जरी से तात्पर्य ऐसी सर्जरी है, जिसमें छाती को सर्जिकल तरीके से खोला जाता है और सर्जरी को ह्रदय की मांसपेशियों, रक्त वाहक वाल्व (Valves) या धमनियों (arteries) इत्यादि पर किया जाता है।


यह ऐसा ह्रदय सर्जरी है, जिसे ह्रदय संबंधी समस्याओं जैसे दिल का दौरा, कोरोनरी आर्टरी डिजीज इत्यादि को ठीक करने के लिए किया जाता है।

हालांकि, ह्रदय सर्जरी कई प्रकार जैसे कोरोनरी आर्टिरी बाइपास ग्रफ्ट (CABG) सर्जरी इत्यादि की होती हैं, जिन्हें ह्रदय की किसी विशेष समस्याओं जैसे रक्त प्रवाह को ठीक करना, दिल की बीमारी का इलाज करने इत्यादि के लिए किया जाता है।

 

 

ओपन हार्ट सर्जरी कब की जाती है? (Indications of Open Heart Surgery in Hindi)

 

 

ओपन हार्ट सर्जरी कराने के मुख्य रूप से कुछ स्थितियों में किया जाता है, जो इस प्रकार हैं-

 

 

  1. कोरोनरी ह्रदय रोग का होना- जब किसी व्यक्ति को कोरोनरी ह्रदय रोग (Coronary Heart Disease) होती है, तो उस स्थिति में डॉक्टर उसे ओपन हार्ट सर्जरी कराने की सलाह देते हैं।

     

  2. ह्रदय वाल्व को बदलना- जब किसी व्यक्ति का ह्रदय वाल्व खराब हो जाता है, तो उसे बदलने केल लिए ओपन हार्ट सर्जरी को किया जाता है।

     

  3. दिल के खराब हिस्से को ठीक करना- कई बार ऐसे देखा गया है कि दिल का कुछ हिस्सा खराब हो जाता है, तो उसे ठीक करने के लिए इस सर्जरी को किया जाता है।

     

  4. दान किए गए दिल को ठीक करना- जैसा कि ऊपर स्पष्ट किया गया है कि ह्रदय रोग का इलाज कई सारी सर्जरी के माध्यम से किया जाता है।

    उनमें ह्रदय प्रत्यारोपण सर्जरी (Heart Transplant Surgery) भी शामिल है, जिसमें सेहतमंद दिल को खराब दिल से बदला जाता है, लेकिन जब वह डोनेट दिल खराब हो जाता है, तब उसे ठीक करने के लिए इस सर्जरी को किया जाता है।

 

 

ओपन हार्ट सर्जरी की तैयारी कैसे करें? (Preparation for Open Heart Surgery in Hindi)
 

 

ओपन हार्ट सर्जरी एक संवेदनशील प्रक्रिया है, जिसकी पर्याप्त तैयारी की आवश्यकता पड़ती है। इसके लिए कुछ महत्वपूर्ण कार्य किए जा सकते हैं, जो इस प्रकार हैं-


 

  1. मेडिकल जांच करना- ओपन हार्ट सर्जरी को करने से पहले डॉक्टर व्यक्ति की मेडिकल जांच करते हैं, जिससे इस बात की पुष्टि हो सके कि वह व्यक्ति इस सर्जरी को कराने के लिए अनुकूल है और उसका शरीर इस सर्जरी के जोखिमों को सहने के काबिल है।

     

  2. ध्रूमपान न करना- यदि किसी व्यक्ति की हाल ही ओपन हार्ट सर्जरी होने वाली है, तो डॉक्टर उसे ध्रूमपान न करने की सलाह देते हैं क्योंकि इसका असर इस सर्जरी पर पड़ सकता है।

     

  3. साबून से स्नान करना- अक्सर, डॉक्टर व्यक्ति को इस सर्जरी से पहले साबून से स्नान करने की सलाह देते हैं क्योंकि यह साबून उसके शरीर में मौजूद बैक्टीरिया को नष्ट कर देता है।

     

  4. शराब की आदत न डालना- इस सर्जरी से पहले व्यक्ति को शराब का सेवन नहीं करना चाहिए और यदि वह शराब पीता हो तो उसे इस आदात को छोड़ देना चाहिए क्योंकि शराब का असर उसके शरीर पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है, जो इस सर्जरी के परिणाम को प्रभावित कर सकता है।

 

 

ओपन हार्ट सर्जरी कैसे की जाती है? (Open Heart Surgery Procedure in Hindi)

 

 

ओपन हार्ट सर्जरी को करने में मुख्य रूप से 3 से 6 घंटों का समय लगता है, इसमें कुछ महत्वपूर्ण स्टेप शामिल होते हैं, जो इस प्रकार हैं-


 

  1. स्टेप 1: व्यक्ति को एनेस्थीसिया देना- इस सर्जरी की शुरूआत व्यक्ति को एनेस्थीसिया देने के साथ होती है, ताकि व्यक्ति को इस पूरी प्रक्रिया के दौरान किसी तरह की परेशानी न हो।

     

  2. स्टेप 2: छाती में कट लगाना- व्यक्ति को एनेस्थीसिया देने के बाद उसकी छाती पर कट लगाया जाता है, जिसका आकार 8 से 10 इंच होता है।

     

  3. स्टेप 3: हार्ट-लंग बाइपास मशीन से जोड़ना- व्यक्ति की छाती पर कट लगाने के बाद उसे हार्ट-लंग बाइपास मशीन से जोड़ा जाता है, ताकि उसे सांस लेने में तकलीफ न हो।

     

  4. स्टेप 4: सेहमंद नस का उपयोग करना- व्यक्ति को हार्ट लंग बाइपास से जोड़ने के बाद सेहतमंद नस का उपयोग किया जाता है, ताकि ब्लॉक धमनी के आस-पास नई जगह बनाई जा सके।

     

  5. स्टेप 5: छाती को बंद करना- ब्लॉक धमनी को ठीक करने के बाद डॉक्टर छाती को बंद कर देते हैं, इसके लिए वे तार का इस्तेमाल करते हैं और उसे शरीर में ही छोड़ देते हैं।

     

  6. स्टेप 6: कट पर टांके लगाना- छाती को बंद करने के बाद डॉक्टर इस कट पर टांके लगा देते हैं।

 


ओपन हार्ट सर्जरी के बाद कौन-कौन से कार्य किए जाते हैं? (Post-Procedure of Open Heart Surgery in Hindi)

 


किसी भी सर्जरी की तरह ओपन हार्ट सर्जरी के बाद का समय भी काफी नाज़ुक होता है, इसमें कुछ महत्वपूर्ण किए जाते हैं, ताकि व्यक्ति को किसी तरह की परेशानी न हो।


ये कार्य इस प्रकार हैं-


 

  • छाती में दो से तीन ट्यूब को लगाना- इस सर्जरी के बाद व्यक्ति की छाती में दो से तीन ट्यूब को लगाया जाता है, जो उसके ह्रदय के आस-पास के तरल पदार्थ को बाहर निकालते हैं।

     

  • बांहों में इंट्रावेनस (IV) लाइन्स को लगाना- कई बार व्यक्ति की बांहों में इंट्रावेनस (IV) लाइन्स को भी लगाया जाता है, ताकि यह उसके शरीर में ऊर्जा को भर सके।

     

  • मूत्राशय (Bladder) में कैथेटर को लगाना- इस सर्जरी के बाद व्यक्ति के मूत्राशय में कैथेटर को भी लगाया जाता है, ताकि वह इसके माध्यम से मूत्र कर सके।

     

  • ह्रदय को मॉनिटर करना- ओपन हार्ट सर्जरी के बाद व्यक्ति को मॉ़निटर से जोड़ा जाता है ताकि उसके ह्रदय को मॉनिटर किया जा सके।

     

  • आईसीयू में रखना- कई बार व्यक्ति को इस सर्जरी के बाद कुछ समय (लगभग एक रात) के लिए आईसीयू में भी रहना पड़ता है, जहां पर उसकी सेहत पर ध्यान दिया जाता है।

     

  • सामान्य कक्ष में ले जाना- ओपन हार्ट सर्जरी के बाद जब व्यक्ति की सेहत में सुधार होता है, तो डॉक्टर उसे सामान्य कक्ष पर ले जाते हैं।


    यहां पर उसे 3 दिन से 7 दिनों तक रखा जाता है। इस दौरान व्यक्ति के शरीर में होने वाले छोटे से छोटे बदलाव पर भी नज़र रखी जाती है, जब वह पूरी तरह से स्वस्थ हो जाता है तो उसे डिचार्ज कर दिया जाता है।

 

 

दिल्ली-NCR में ओपन हार्ट सर्जरी की लागत क्या है? (Cost of Open Heart Surgery in Hindi)

 

 

जब बात ओपन हार्ट सर्जरी कराने की आती है, तो इसके लिए दिल्ली-NCR से बेहतर और कोई जगह हो ही नहीं सकती है।

भारत की राजधानी होने के कारण यहां पर ओपन हार्ट सर्जरी के लिए सर्वोत्तम अस्पताल/क्लीनिक मौजूद हैं।

इसके बावजूद ज्यादातर लोग इसे एक महंगी प्रक्रिया समझते हैं, इसी कारण वे इसे कराने से हिचकते हैं, लेकिन यदि उन्हें पता हो कि यह एक किफायदी प्रक्रिया है, जिसकी औसतन लागत 1.25 से 2.75 लाख होती है।

 

 

ओपन हार्ट सर्जरी के जोखिम क्या-क्या हैं? (Side-Effects of Open Heart Surgery in Hindi)

 

 

हालांकि, ओपन हार्ट सर्जरी एक लाभकारी प्रक्रिया है, जिसके माध्यम से लोगों को नई ज़िदगी मिलती है। लेकिन, इसके बावजूद किसी भी अन्य प्रक्रिया की भांति ओपन हार्ट सर्जरी के भी कुछ जोखिम होते हैं, जो इस प्रकार हैं-


 

  1. छाती का संक्रमण होना- ओपन हार्ट सर्जरी कराने के बाद कुछ लोगों को छाती का संक्रमण हो जाता है, इस समस्या के मुख्य रूप से डायबिटीज से पीड़ित लोगों में होने की अधिक संभावना रहती है।

     

  2. दिल का दौरा पड़ना- कई बार ऐसा भी देखा गया है कि इस सर्जरी के बाद कुछ लोगों को दिल का दौरा (हार्ट अटैक) भी पड़ जाता है।

     

  3. दिल की धड़कनों का अनियमित गति से चलना- इस सर्जरी को कराने वाले कुछ लोगों को दिल की धड़कनों के अनियमित गति से चलने की भी शिकायत रहती है।

     

  4. सीने में दर्द होना- कुछ लोगों को इस सर्जरी के बाद सीने में दर्द भी हो सकता है, हालांकि, इसके लिए डॉक्टर दर्द-निवारक दवाईयां देते हैं।

     

  5. याददाश्त का चले जाना- यह इस सर्जरी का अन्य जोखिम है। हालांकि, ऐसा बहुत कम होता है, लेकिन ऐसा होने पर व्यक्ति को तुंरत मेडिकल सहायता पड़ती है।

     

  6. ब्लड क्लॉट्स पड़ना- कुछ लोगों में इस सर्जरी के बाद ब्ल़ड क्लॉट्स की समस्या होने की भी संभावना रहती है।

 

 

ओपन हार्ट सर्जरी के बाद कौन-कौन सी सावधानियां बरतनी चाहिए? (Precautions After Open Heart Surgery in Hindi)

 

 

हालांकि, ओपन हार्ट सर्जरी के अपने कुछ जोखिम होते हैं, लेकिन इन्हें कम करने के लिए कुछ महत्वपूर्ण सावधानियों को बरता जा सकता है, जो इस प्रकार हैं-


 

  • कट का ध्यान रखना- जैसा कि ऊपर स्पष्ट किया गया है कि इस सर्जरी के दौरान व्यक्ति के शरीर में कट बनाया जाता है।

    इस कट को भरने में कुछ समय लगता है इसलिए व्यक्ति को इसका पूरा ध्यान रखना चाहिए ताकि उसे किसी भी तरह की परेशानी न हो।


     

  • दर्द को कम करना- किसी भी अन्य सर्जरी भी तरह ओपन हार्ट सर्जरी के बाद भी व्यक्ति को दर्द होता है।

    व्यक्ति को किसी भी तरह के दर्द होने पर दर्द-निवारक दवाईयों का सेवन करना चाहिए, लेकिन यह कदम केवल डॉक्टर की सलाह पर ही लेना चाहिए


     

  • भरपूर नींद लेना- विशेषज्ञों द्वारा नींद को सेहतमंद व्यक्ति की पहचान बताया गया है, इसी कारण वे सभी लोगों को भरपूर नींद (लगभग 8 घंटे) लेने पर बल देते हैं।

    यह बात इस सर्जरी को कराने वाले व्यक्ति पर भी लागू होती है क्योंकि ऐसा करने पर वह जल्दी से ठीक हो जाता है।


     

  • पौष्टिक भोजन करना- यदि किसी व्यक्ति की हाल ही में ओपन हार्ट सर्जरी हुई है, तो उसे अपने भोजन पर पूरा ध्यान देना चाहिए।

    उसे केवल पौष्टिक भोजन का ही सेवन करना चाहिए क्योंकि यह भोजन उसके शरीर पर आवश्यक ऊर्जा का सेवन करता है, जो उसे जल्दी से ठीक होने में सहायता करता है।


     

  • ध्रूमपान न करना- इस तथ्य को सभी लोग जानते हैं कि ध्रूमपान का हमारी सेहत पर बुरा असर पड़ता है और इससे बहुत सारी बीमारियां (फेफड़ों का कैंसर) भी होती हैं।

    इसी कारण ओपन हार्ट सर्जरी को कराने वाले व्यक्ति को ध्रूमपान नहीं करना चाहिए क्योंकि यह उसकी सेहत पर बुरा असर डाल सकता है।


     

  • व्यायाम करना- इस सर्जरी के बाद जल्द से ठीक होने में व्यायाम महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है क्योंकि यह शरीर की मांसपेशियों को खोलता है और शरीर की रोग-प्रतिरोधक क्षमता को भी बढ़ता है।

    इस कारण यदि किसी व्यक्ति की हाल ही में ओपन हार्ट सर्जरी हुई है तो उसे व्यायाम जरूर करना चाहिए।


     

  • उच्च रक्तचाप और उच्च कोलेस्ट्रॉल को नियंत्रित करना- इस सर्जरी के बाद व्यक्ति को अपने शरीर का पूरा ध्यान रखना चाहिए और उसे अपने उच्च रक्तचाप (High Blood Pressure) और उच्च कोलेस्ट्रॉल (High Cholestrol) को नियंत्रित करना चाहिए क्योंकि इन दोनों के बढ़ने या फिर इन में से किसी एक के भी बढ़ने का असर सीधे तौर पर व्यक्ति के दिल पर बढ़ता है।


 


पहले के ज़माने में जब किसी व्यक्ति को ह्रदय रोग हो जाता है, तो उसे सही इलाज न मिलने के कारण उसकी मौत हो जाती है। लेकिन, अब स्थिति काफी बदल चुकी है और ऐसी बहुत सारी सर्जियां मौजूद हैं, जिनकी सहायता से ह्रदय रोग का इलाज संभव है।

इन में ओपन हार्ट सर्जरी (Open Heart Surgery) भी शामिल है, जिसे दिल की मांसपेशियों को ठीक करने के लिए किया जाता है।

चूंकि, ज्यादातर लोगों को इस सर्जरी की पूर्ण जानकारी नहीं है, इसलिए वे इसका लाभ नहीं उठा पाते हैं।
इस प्रकार हमें उम्मीद है कि इस लेख को पढ़कर आपको ओपन हार्ट सर्जरी की संपूर्ण जानकारी प्राप्त हुई होगी।

यदि आप या आपकी जान-पहचान में कोई व्यक्ति ओपन हार्ट सर्जरी के बारे में अधिक जानकारी प्राप्त करना चाहता है तो वह इसके लिए 95558-12112 पर Call करके इसकी मुफ्त सलाह प्राप्त कर सकते हैं।